छत के रास्ते घर में घुसा 19 वर्षीय युवक, उड़ाए 12.50 लाख; पिता ने छिपाने में दिया साथ
कबीरधाम पुलिस ने पिता-पुत्र को किया गिरफ्तार, 11.53 लाख रुपये बरामद — तकनीकी जांच और लगातार पतासाजी से खुला राज

सीजीएन न्यूज़ | कवर्धा | 30 सितंबर 2026
कबीरधाम जिले के सिटी कोतवाली क्षेत्र के ग्राम मझगांव में घर से हुई 12.50 लाख रुपये की चोरी का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस ने मामले में पिता-पुत्र को गिरफ्तार करते हुए चोरी की रकम में से 11 लाख 53 हजार रुपये बरामद किए हैं। पुलिस के अनुसार, 19 वर्षीय आरोपी ने गांव में गणेश चतुर्थी के दौरान लोगों की व्यस्तता का फायदा उठाया और अपने पुराने मकान की छत के रास्ते पड़ोसी के घर में प्रवेश कर वारदात को अंजाम दिया। चोरी की जानकारी मिलने के बाद उसके पिता ने रकम को अलग-अलग स्थानों पर छिपाने में सहयोग किया।
गणेश चतुर्थी की शाम चुना वारदात का समय
पुलिस के मुताबिक ग्राम मझगांव निवासी हीरालाल साहू ने 24 सितंबर को सिटी कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि 15 सितंबर की शाम करीब 6 से 7 बजे के बीच अज्ञात व्यक्ति उनके घर में घुसा और आलमारी के लॉकर में रखे करीब 12.50 लाख रुपये चोरी कर ले गया।
परिवार के सदस्यों ने एक संदिग्ध व्यक्ति को घर से निकलते देखा था। उसने चेहरे को गमछे से ढक रखा था। घटनास्थल के आसपास शराब की शीशी, कुएं में फेंका गया पर्स और गली में रकम रखने वाला खाली बैग मिलने से पुलिस ने मामले को गंभीरता से लिया।
पुराने मकान की छत बनी चोरी का रास्ता
जांच में पुलिस को पता चला कि आरोपी कमलेश पटेल (19), निवासी मझगांव का पुराना मकान पीड़ित के मकान से जुड़ा हुआ है। दोनों मकानों के बीच छत के रास्ते आवागमन संभव था।
पुलिस पूछताछ के अनुसार 15 सितंबर को आरोपी शाम करीब 5:30 बजे अपने पुराने मकान में पहुंचा और अंधेरा होने का इंतजार किया। इसके बाद वह पुराने मकान की छत से पीड़ित के घर की छत पर पहुंचा और कमरे में दाखिल हो गया।
आरोपी ने कमरे का बल्ब निकालकर अलग रख दिया और इसके बाद आलमारी खंगाली। दराज में रकम नहीं मिलने पर उसने लॉकर खोलकर 500, 200 और 100 रुपये के नोटों के बंडल तथा पर्स निकाल लिया।
गमछे में बांधकर ले गया रकम, कार्टून में छिपाई
पुलिस के अनुसार चोरी की रकम को आरोपी ने गमछे में बांधा और अपने पुराने मकान में ले गया। बाद में रकम को कार्टून में रखकर पुराने मकान की दूसरी मंजिल के कमरे के छज्जे में छिपा दिया।
अगले दिन आरोपी ने चोरी की पूरी जानकारी अपने पिता भागवत पटेल (50) को दी। पुलिस का कहना है कि इसके बाद पिता-पुत्र ने मिलकर रकम को वहां से निकालकर नए मकान में रख दिया।
बारिश आई तो खेत के बोर के कमरे में पहुंची रकम
पूछताछ में पुलिस के सामने चोरी की रकम को छिपाने की पूरी कहानी सामने आई। पुलिस के मुताबिक कुछ समय तक रकम पुराने मकान में रखने के बाद उसे खेत में बने बोर के कमरे में छिपाया गया। बारिश होने पर रकम को वहां से निकालकर वापस घर की आलमारी में रखा गया।
इस तरह चोरी की रकम को अलग-अलग स्थानों पर छिपाने में पिता की भूमिका भी सामने आई।
11.53 लाख रुपये बरामद, करीब 97 हजार खर्च
पुलिस ने दोनों आरोपियों की निशानदेही पर चोरी की रकम में से 11,53,000 रुपये बरामद किए हैं।
पूछताछ में सामने आया कि चोरी की रकम में से कुछ राशि खर्च कर दी गई। आरोपी कमलेश ने पर्स में रखी राशि में से करीब 47 हजार रुपये खाने-पीने आदि में खर्च करना बताया, जबकि उसके पिता द्वारा करीब 50 हजार रुपये वाहन बनवाने और पार्ट्स खरीदने में खर्च किए जाने की जानकारी सामने आई है।
पुलिस ने बरामद रकम को विधिवत जब्त कर लिया है और शेष रकम तथा मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच की जा रही है।
तकनीकी साक्ष्यों ने खोला चोरी का राज
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक श्री जितेन्द्र कुमार यादव के निर्देशन में साइबर थाना और सिटी कोतवाली की संयुक्त टीम गठित की गई। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री हेमसागर सिदार एवं श्री अमित पटेल ने जांच की लगातार निगरानी की।
पुलिस अनुविभागीय अधिकारी श्री अखिलेश कौशिक एवं श्री प्रशांत देवांगन के नेतृत्व में साइबर थाना प्रभारी निरीक्षक श्री उमाशंकर राठौर और सिटी कोतवाली पुलिस की टीम ने घटनास्थल से मिले साक्ष्यों, तकनीकी जानकारी और संदिग्ध गतिविधियों का विश्लेषण किया।
लगातार तकनीकी एवं मैदानी जांच के बाद पुलिस टीम आरोपियों तक पहुंची और 29 सितंबर को दोनों को उनके मकान से गिरफ्तार कर लिया।
पिता-पुत्र की गिरफ्तारी से खुला पूरा नेटवर्क
पुलिस के अनुसार इस मामले में मुख्य आरोपी कमलेश पटेल ने चोरी की वारदात को अंजाम दिया, जबकि उसके पिता भागवत पटेल को घटना की जानकारी होने के बाद चोरी की रकम छिपाने में सहयोग करने की भूमिका सामने आई है। दोनों आरोपियों के खिलाफ प्रकरण में वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।


