गुड़ फैक्ट्री पर किसानों के 8.69 लाख रुपये बकाया रखने का आरोप, पुलिस से शिकायत
70 दिन में भुगतान का हुआ था समझौता, चार चेक देने के बाद भी राशि नहीं मिलने का दावा; किसानों ने की कार्रवाई की मांग

सीजीएन न्यूज़ | कवर्धा
कबीरधाम जिले के बोड़ला तहसील अंतर्गत खड़बड़ा स्थित श्री श्याम गुड़ उद्योग के संचालकों पर गन्ना खरीदी की राशि का भुगतान नहीं करने का आरोप लगा है। मामले में ग्राम कुसुमघटा सहित आसपास के क्षेत्रों के किसानों ने पुलिस चौकी पोड़ी में शिकायत कर कार्रवाई और बकाया राशि दिलाने की मांग की है। शिकायत के अनुसार, किसानों की कुल 8 लाख 69 हजार 40 रुपये की राशि का भुगतान लंबित है।
गन्ना खरीदी के बाद भुगतान नहीं करने का आरोप
शिकायतकर्ताओं के मुताबिक, वर्ष 2025-26 के गन्ना पेराई सत्र के दौरान गुड़ फैक्ट्री संचालकों ने किसानों से अलग-अलग मात्रा में गन्ने की खरीदी की थी। किसानों का आरोप है कि गन्ना बेचने के बाद भी उन्हें पूरी राशि नहीं मिली। भुगतान के लिए लगातार मांग करने के बावजूद समस्या का समाधान नहीं हुआ।
किसानों ने बताया कि उन्होंने अप्रैल 2026 में पोड़ी पुलिस चौकी पहुंचकर मामले की शिकायत की थी। इसके बाद 14 अप्रैल 2026 को भुगतान को लेकर इकरारनामा किए जाने का उल्लेख शिकायत में है। आरोप है कि इस समझौते के तहत 70 दिनों के भीतर राशि का भुगतान किया जाना था, लेकिन निर्धारित समय बीतने के बाद भी किसानों को उनकी रकम नहीं मिली।
चार चेक देने के बाद भी भुगतान नहीं मिलने का दावा
शिकायत में किसानों ने आरोप लगाया है कि बकाया राशि के भुगतान के लिए फैक्ट्री संचालकों की ओर से बैंक ऑफ बड़ौदा के खाते से चार चेक जारी किए गए थे। इन चेकों के माध्यम से कुल 8,69,040 रुपये का भुगतान किया जाना था। हालांकि, किसानों का दावा है कि उन्हें अब तक बकाया राशि प्राप्त नहीं हुई है।
संचालकों के नेपाल जाने की आशंका जताई
किसानों ने अपनी शिकायत में यह भी आरोप लगाया है कि फैक्ट्री संचालकों से संपर्क नहीं हो पा रहा है। शिकायतकर्ताओं ने संचालकों के नेपाल चले जाने की आशंका जताते हुए मामले की जांच करने की मांग की है। हालांकि, इस संबंध में स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
किसानों ने की कार्रवाई की मांग
शिकायतकर्ताओं ने पुलिस प्रशासन से पूरे मामले की जांच कर उचित कानूनी कार्रवाई करने और उनकी बकाया राशि दिलाने की मांग की है। शिकायत में रामकुमार शारिया, सियाराम नेताम, श्याम पटेल, रितुराज पटेल, मिथिलाल चतुर्वेदी, दिलेश चतुर्वेदी, अमरचंद बंजारे और दिलीप धुर्वे सहित अन्य किसानों के नाम शामिल हैं।
अब सवाल यह है कि गन्ना बेचने के बाद भी किसानों को उनकी मेहनत की कमाई के लिए आखिर कब तक इंतजार करना पड़ेगा? किसानों को उम्मीद है कि पुलिस प्रशासन मामले की निष्पक्ष जांच कर उनकी बकाया राशि दिलाने की दिशा में कार्रवाई करेगा।





