एनएच-30 पर चिल्फी पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 18.46 किलो गांजा जब्त
दो अलग-अलग वाहनों से गांजा तस्करी करते 4 आरोपी गिरफ्तार, 22.53 लाख रुपए का मशरूका जब्त

सीजीएन न्यूज़ | कवर्धा
कवर्धा। अंतर्राज्यीय गांजा तस्करी के खिलाफ कबीरधाम पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। थाना चिल्फी पुलिस ने एनएच-30 पर वाहन जांच के दौरान दो अलग-अलग वाहनों से 18 किलो 460 ग्राम गांजा बरामद कर मध्यप्रदेश के पन्ना जिले के चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार आरोपी गांजा उड़ीसा के नुआपाड़ा से मध्यप्रदेश के पन्ना ले जा रहे थे।
पुलिस ने गांजा परिवहन में इस्तेमाल दो वाहन और चार मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं। जब्त मशरूका की कुल अनुमानित कीमत 22 लाख 53 हजार रुपए बताई गई है।
दो वाहनों से मिला गांजा
26 सितंबर को थाना चिल्फी के सामने एनएच-30 पर पुलिस संदिग्ध वाहनों की जांच कर रही थी। इसी दौरान हुंडई वरना क्रमांक DL-4C AQ-0755 को रोककर तलाशी ली गई। वाहन से 12 किलो 760 ग्राम गांजा बरामद हुआ। इसमें सवार रविराज सिंह परिहार (19) और सौरभ सिंह बुंदेला (22), दोनों निवासी पवई, जिला पन्ना, मध्यप्रदेश को गिरफ्तार किया गया।
इसी दौरान दूसरे संदिग्ध मारुति सुजुकी शोल्ड फ्रॉन्क्स वाहन को रोककर तलाशी ली गई। इसमें से 5 किलो 700 ग्राम गांजा बरामद हुआ। वाहन में सवार जोगेन्द्र राजा (25) और केशव राजा (22), दोनों निवासी पवई क्षेत्र, जिला पन्ना, मध्यप्रदेश को गिरफ्तार किया गया।
फैक्ट बॉक्स
कुल गांजा: 18 किलो 460 ग्राम
अनुमानित कीमत: 9.23 लाख रुपए
हुंडई वरना: करीब 5 लाख रुपए
मारुति सुजुकी शोल्ड फ्रॉन्क्स: करीब 8 लाख रुपए
मोबाइल फोन: 4 नग, करीब 30 हजार रुपए
कुल जब्ती: 22.53 लाख रुपए
गिरफ्तार आरोपी: 4
कार्रवाई: थाना चिल्फी
धारा: 20(B) एनडीपीएस एक्ट
अपराध क्रमांक: 22/2026
तस्करी नेटवर्क की भी जांच
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ थाना चिल्फी में अपराध दर्ज किया है। पुलिस के मुताबिक गांजा तस्करी से जुड़े अन्य लोगों और नेटवर्क की जानकारी जुटाने के लिए एएनटीएफ टीम कबीरधाम द्वारा भी पूछताछ की जा रही है। मामले की आगे की विवेचना जारी है।
कार्रवाई पुलिस अधीक्षक जितेन्द्र कुमार यादव (IPS) के निर्देशन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हेमसागर सिदार एवं अमित पटेल के मार्गदर्शन तथा एसडीओपी अजाक/क्राइम प्रशांत देवांगन के दिशा-निर्देशन में की गई। थाना प्रभारी निरीक्षक बीरेंद्र वर्मा के नेतृत्व में पुलिस टीम की कार्रवाई में प्रधान आरक्षक नरेन नेताम सहित अन्य पुलिसकर्मियों की भूमिका रही।




