“पुरानी DPR का खामियाजा: गौरवपथ प्रोजेक्ट में डबल खर्च और देरी तय”

Brajesh gupta
*कवर्धा, 26 अप्रैल 2026*
कवर्धा में 10.73 करोड़ की लागत से बन रहे गौरवपथ में बड़ी तकनीकी लापरवाही सामने आई है। नगर पालिका के इंजीनियरों ने बिना हाइड्रोलॉजिकल सर्वे के नाले में गोल पाइप डालकर पुलिया बना दी। अब बरसात में गौरवपथ के डूबने के खतरे को देखते हुए नई बनी पुलिया को उखाड़कर बॉक्स कल्वर्ट बनाने का फैसला लिया गया है।
*3 साल पुरानी DPR पर किया काम*
राजनांदगांव बायपास से नवीन बाजार तक 2 किमी लंबा गौरवपथ बनाया जा रहा है। इस प्रोजेक्ट का एस्टीमेट 3 साल पहले बना था। समय बदला, जलभराव की स्थिति बदली, लेकिन नगर पालिका ने डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट अपडेट करना जरूरी नहीं समझा। उसी पुराने ढर्रे पर 10.73 करोड़ का वर्क ऑर्डर जारी कर दिया गया।
ठेकेदार ने पुरानी पुलिया तोड़ी और नई गोल पाइप वाली पुलिया फिट कर दी। अब अफसरों को अहसास हुआ कि यह पाइप बरसात का प्रेशर नहीं झेल पाएगा। नियम से यहां आरसीसी बॉक्स कल्वर्ट बनना चाहिए था ताकि पानी की निकासी तेजी से हो।
*एक जगह दो बार खुदाई, डबल खर्च*
नए पाइप अब उखाड़े जाएंगे और उसी जगह पर बॉक्स वाली पुलिया बनाई जाएगी। यानी एक ही जगह दो बार खुदाई और दो बार खर्च। इससे प्रोजेक्ट की लागत बढ़ेगी। नगर पालिका के इंजीनियर से एस्टीमेट रिवाइज कराया जा रहा है। जबकि पूर्व में यहां बॉक्स वाला कल्वर्ट ही था।
*नाली का एलाइनमेंट भी गलत*
नगर पालिका उपाध्यक्ष चंद्रप्रकाश चंद्रवंशी का कहना है कि नाले में पानी का फ्लो बहुत ज्यादा है। सुरक्षा के लिहाज से अब यहां बॉक्स पुलिया बनाई जाएगी। वहीं निर्माणाधीन गौरवपथ में जहां नालों का एलाइनमेंट गलत था, उसे तुड़वाकर सही कराया जा रहा है।
शुरुआत में इंजीनियरों की मेहरबानी सिर्फ पुलिया तक सीमित नहीं थी। सड़क किनारे नाली के एलाइनमेंट से भी समझौता कर लिया गया। नाली को सीधा बनाने के बजाय कई जगह तिरछा कर दिया गया। मामला गरमाया तो नपाध्यक्ष चंद्रप्रकाश चंद्रवंशी ने खुद खड़े होकर जेसीबी मशीन से तिरछी नाली तुड़वाई। अब यह नाली भी दोबारा बनेगी।
*एक्सपर्ट व्यू: चौकोर पुलिया की क्षमता अधिक*
सिविल इंजीनियर भराराम पाटिल बताते हैं कि गोल पाइप वाली पुलिया में पानी की निकासी सीमित होती है और कचरा फंसने पर यह चोक हो जाती है। वहीं आरसीसी बॉक्स कल्वर्ट की क्षमता पाइप से कई गुना ज्यादा होती है। यह पानी के प्रेशर और दबाव को आसानी से निकाल देता है।
*प्रोजेक्ट पर असर*
1. गौरवपथ कंक्रीट सड़क बिछेगी। इसकी चौड़ाई 55 से 60 फीट तक है। बीच में डिवाइडर भी बनाई जाएगी।
2. दिसंबर 2025 में ठेकेदार को वर्क ऑर्डर हुआ था। एक साल यानी दिसंबर 2026 तक काम पूरा करना है।
3. गौरवपथ निर्माण से शिवाजी कॉलोनी, रामनगर, शांतिनगर कॉलोनी और नवीन बाजार के रहवासियों को सुविधा मिलेगी।
फिलहाल एक के बाद एक गलती से प्रोजेक्ट में देरी और लागत बढ़ना तय माना जा रहा है।




