
(ग्राउंड रिपोर्ट) ब्रजेश गुप्ता
कवर्धा -: ग्रामीण इलाकों में इन दिनों जंगली जानवरों की गतिविधियां तेजी से बढ़ गई हैं। ताजा मामला जैतपुरी–रामचुआ क्षेत्र का है, जहां एक साथ तीन भालुओं की मौजूदगी से गांवों में दहशत का माहौल बन गया। वहीं दूसरी ओर, झुंड से बिछड़ा एक हाथी गांगपुर इलाके में घूमता नजर आया है।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, देर रात जैतपुरी और रामचुआ गांव के पास तीन भालू विचरण करते दिखाई दिए। कुछ ग्रामीणों ने मोबाइल से वीडियो भी बनाया, जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया। सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और रातभर गश्त कर हालात पर नजर रखी गई। सुबह से दोबारा ट्रैकिंग शुरू कर दी गई है।
बताया जा रहा है कि यह पूरा इलाका भोरमदेव अभयारण्य से लगा हुआ है, जिस वजह से जंगली जानवरों का गांव की सीमा तक पहुंचना लगातार बढ़ रहा है। ग्रामीणों में डर का माहौल है, खासकर बच्चों और बुजुर्गों को लेकर चिंता बनी हुई है।
इधर, झुंड से अलग हुआ हाथी गांगपुर की ओर बढ़ता देखा गया। भोजन की तलाश में हाथी खेतों और बस्तियों के नजदीक पहुंचने की कोशिश कर रहा है। हालांकि वन विभाग की टीम हाथी की हर गतिविधि पर लगातार नजर बनाए हुए है, ताकि किसी भी तरह की जनहानि या फसल नुकसान को रोका जा सके।
वनकर्मियों द्वारा आसपास के गांवों में मुनादी कराई जा रही है और लोगों से अपील की गई है कि वे रात के समय घरों से बाहर न निकलें, अकेले खेतों की ओर न जाएं और जंगली जानवर दिखने पर तुरंत वन विभाग को सूचना दें। संवेदनशील इलाकों में गश्त बढ़ा दी गई है।
वन विभाग का कहना है कि हालात पर पूरी तरह नजर रखी जा रही है। जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त टीम भी तैनात की जाएगी। फिलहाल प्राथमिकता लोगों की सुरक्षा और जंगली जानवरों को वापस सुरक्षित वन क्षेत्र की ओर मोड़ने की है।




