
कवर्धा।– श्री रामकृष्ण पब्लिक स्कूल, कवर्धा में संविधान दिवस के अवसर पर युवा संसद का भव्य आयोजन किया गया, जिसमें विद्यार्थियों ने देश के लोकतांत्रिक ढांचे, संसदीय प्रक्रियाओं और सांसदों की भूमिका का प्रभावशाली प्रदर्शन किया। कार्यक्रम का उद्देश्य संविधान की महत्ता और लोकतांत्रिक मूल्यों को समझाना तथा छात्र-छात्राओं में राष्ट्र के प्रति जागरूकता विकसित करना था।
कार्यक्रम का शुभारंभ प्रातः प्रार्थना सभा में संविधान आधारित गतिविधियों—प्रश्नोत्तरी, कविता, शब्द भंडार और विचार माला—से हुआ, जिन्हें सामाजिक विज्ञान विभाग प्रमुख श्री अंशुल तिवारी ने संबोधित करते हुए संविधान के विभिन्न पक्षों पर प्रकाश डाला।
इसके बाद विद्यालय का रंगमंच संसद सदन के रूप में परिवर्तित हो गया, जहाँ विद्यार्थियों ने पक्ष-विपक्ष दलों की भूमिका निभाते हुए विभिन्न मंत्रालयों की जिम्मेदारी संभाली। सदन की कार्यवाही का संचालन स्पीकर की भूमिका निभा रही छात्रा आरिका माग्रे ने किया। इस अवसर पर विशेष अतिथि के रूप में डा. आदित्य श्रीवास्तव, डा. टी.एस. अवस्थी, डा. पी.पी. चन्द्रवंशी, काउंसलर श्री विशाल पाण्डेय, प्रबंधन समिति अध्यक्ष डा. आदित्य चन्द्रवंशी तथा प्राचार्या श्रीमती एम. शारदा उपस्थित रहे।
सदन में विपक्षी दल की नेता भूमि माग्रे और उनकी टीम ने बेरोजगारी, विदेशों में अध्ययनरत भारतीय विद्यार्थियों की सुरक्षा, NEP 2020 की उपयोगिता व लचीलापन, डिजिटल इंडिया की जमीनी स्थिति, सड़क सुरक्षा, अग्निवीर योजना, कृषि एवं चिकित्सा क्षेत्र की चुनौतियों सहित अनेक राष्ट्रीय मुद्दों पर सवाल उठाए। विभागीय मंत्रियों ने तथ्यों के आधार पर विपक्ष के प्रश्नों का जवाब दिया, वहीं कुछ उत्तरों पर सदन में विरोध का शोर भी सुनाई दिया, जिसने वास्तविक संसदीय माहौल का अनुभव कराया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए डा. आदित्य श्रीवास्तव ने संविधान की प्रस्तावना को रचनात्मकता का स्रोत बताया और आयोजन की प्रशंसा की। डा. पी.पी. चन्द्रवंशी ने कहा कि युवा संसद बच्चों की छिपी प्रतिभा और भविष्य के नेतृत्व कौशल का प्रमाण है, और ये विद्यार्थी निश्चित रूप से नए भारत की नींव बनेंगे।




